डी एल एड (d.el.ed) Kya Hota Hai, Full Form Kya hai

डी एल एड Kya Hota Hai

भारत में शिक्षा के अधिकार द्वारा 14 वर्ष तक की बच्चों को निशुल्क शिक्षा प्रदान करने का प्रावधान किया गया है, इसके अंतर्गत विद्यालयों को दो स्तरों में विभाजित किया गया है, प्राथमिक स्तर और उच्च प्राथमिक स्तर, प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक बनने के लिए डीएलएड (d.el.ed) कोर्स का निर्माण किया गया है, जो अभ्यर्थी प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक बनने के इच्छुक है, वह इस कोर्स में प्रवेश प्राप्त कर सकते है, इस पेज पर डीएलएड (d.el.ed) क्या है, डी एल एड (d.el.ed) का फुल फॉर्म, पाठ्यक्रम, कोर्स फ़ीस एवं प्रवेश प्राप्त करने के विषय में बताया जा रहा है |

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डी एल एड (d.el.ed) Kya Hota Hai, Full Form Kya hai

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डी एल एड (d.el.ed) क्या होता है ?

डीएलएड (d.el.ed), प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक बनने हेतु एक कोर्स है, जिसका संचालन और दिशा- निर्देशन एनसीआरटी के द्वारा किया जाता है, यह एक दो वर्षीय पाठ्यक्रम है, इस कोर्स को चार समेस्टर में विभाजित किया गया है, प्रत्येक समेस्टर की अवधि छ: महीने है |

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डी एल एड (d.el.ed) का फुल फॉर्म क्या है ?

डी. एल. एड का फुल फॉर्म, डिप्लोमा इन एलीमेंटरी एजुकेशन है |

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डी एल एड (d.el.ed) कोर्स में प्रवेश प्राप्त करना

प्रत्येक वर्ष डीएलएड (d.el.ed) प्रशिक्षण परीक्षा नियामक प्राधिकारी प्रयागराज (इलाहाबाद) उत्तर प्रदेश के द्वारा कोर्स में प्रवेश हेतु अधिसूचना जारी की जाती है, इसमें निर्धारित समय अवधि में आपको आवेदन करना होता है, अंतिम तिथि के उपरांत परीक्षा नियामक के द्वारा मेरिट लिस्ट जारी की जाती है, सभी आवेदक अपनी मेरिट को वेबसाइट की सहायता से देख सकते है |

कुछ समय के बाद परीक्षा नियामक के द्वारा कॉउंसलिंग कराई जाती है, इसमें पहले से निर्धारित मेरिट तक की छात्रों को प्रतिभाग करने का अवसर प्रदान किया जाता है | यदि प्रथम मेरिट में सभी सीटें नहीं भर पाती है, तो दूसरी तथा तीसरी कॉउंसलिंग का आयोजन किया जाता है |

कॉउंसलिंग के बाद सभी छात्रों को मेरिट के अनुसार कॉलेज का आवंटित किया जाता है, अब सभी छात्र अपने- अपने कॉलेज में आवश्यक डॉक्यूमेंट लेकर प्रवेश प्राप्त कर सकते है |

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कोर्स फ़ीस (Course fee)

डी एल एड (d.el.ed) के सरकारी कॉलेज की फीस 10200 रूपये प्रतिवर्ष है तथा प्राइवेट कॉलेज की फीस 41000 रुपये प्रति वर्ष निर्धारित की गई है |

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पाठ्यक्रम (Syllabus)

डी एल एड (d.el.ed) के सम्पूर्ण पाठ्यक्रम को चार भागों में विभाजित किया गया है |

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प्रथम सेमस्टर (First Semester)

  • बाल विकास एवं सीखने की प्रक्रिया
  • शिक्षण अधिगम के सिद्धान्त
  • सामाजिक अध्धयन
  • संस्कृत
  • हिंदी
  • गणित
  • विज्ञान
  • कम्प्यूटर
  • कला/संगीत/शारीरिक शिक्षा
  • इंटर्नशिप

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द्वितीय सेमस्टर (Second Semester)

  • वर्तमान भारतीय समाज और प्रारंभिक शिक्षा
  • प्रारंभिक शिक्षा के नवीन प्रयास
  • सामाजिक अध्ययन
  • विज्ञान
  • गणित
  • हिंदी
  • अंग्रेजी
  • समाजोपयोगी उत्पादक कार्य
  • कला/संगीत/शारीरिक शिक्षा
  • इंटर्नशिप

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तृतीय सेमस्टर (Third Semester)

  • शैक्षिक मूल्यांकन, कियात्मक शोध एवं नवाचार
  • समावेशी शिक्षा
  • विज्ञान शिक्षण
  • गणित शिक्षण
  • सामाजिक अध्ययन शिक्षण
  • हिंदी शिक्षण
  • संस्कृत शिक्षण
  • उर्दू शिक्षण
  • कंप्यूटर शिक्षा
  • कला एवं संगीत शिक्षण
  • शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य शिक्षा
  • इंटर्नशिप

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चतुर्थ सेमस्टर (Fourth Semester)

  • आरम्भिक स्तर पर भाषा के पठन/ लेखन एवं गणितीय क्षमता का विकास
  • शैक्षिक प्रबंधन एवं प्रशासन
  • विज्ञान शिक्षण |
  • गणित शिक्षण |
  • सामाजिक अध्ययन शिक्षण |
  • हिंदी शिक्षण |
  • अंग्रेजी शिक्षण |
  • शांति शिक्षा एवं सतत विकास
  • कला एवं संगीत शिक्षण
  • शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य शिक्षा
  • इंटर्नशिप

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डी एल एड (d.el.ed) कोर्स के बाद करियर (Career after the course D.EL.ED)

डी एल एड (d.el.ed) कोर्स में तृतीय सेमेस्टर के बाद आप टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट में सम्मिलित हो सकते है, टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट केंद्र और राज्य सरकार अलग- अलग आयोजित करती है, आप दोनों में भाग ले सकते है, राज्य सरकार द्वारा आयोजित होने वाले टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट को उत्तीर्ण होने के बाद आप केवल राज्य के अंदर सहायक अध्यापक बन सकते है, केंद्र सरकार द्वारा आयोजित होने वाले सेंटर टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट के द्वारा आप केंद्र सरकार और राज्य सरकार के अधीन विद्यालय में सहायक अध्यापक के पद पर चयनित हो सकते है |

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शिक्षक भर्ती परीक्षा (Teacher Recruitment Examination)

जो अभ्यर्थी टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट में उत्तीर्ण होते है, उन्हें शिक्षक भर्ती परीक्षा में भाग लेने का अवसर प्रदान किया जाता है, शिक्षक भर्ती परीक्षा के बाद मेरिट का निर्माण किया जाता है, जो अभ्यर्थी अच्छे अंक प्राप्त करते है, उन्हें राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार सहायक अध्यापक के रूप में नियुक्ति पत्र प्रदान करते है | शिक्षक भर्ती की मेरिट में हाईस्कूल, इंटरमीडियट, स्नातक और शिक्षक भर्ती परीक्षा के अंक का प्रतिशत जोड़ा जाता है |

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यहाँ पर हमनें आपको डीएलएड (d.el.ed) के विषय में जानकारी उपलब्ध करायी है, यदि इस जानकारी से सम्बन्धित आपके मन में किसी प्रकार का प्रश्न आ रहा है, तो कमेंट बाक्स के माध्यम से पूँछ सकते है|

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