स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (Statue of Unity) क्या है

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी क्या है 

भारत के प्रथम गृहमंत्री सरदार वल्लभ भाई पटेल को समर्पित विश्व की सबसे बड़ी ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ का अनावरण उनकी  143 वीं जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नें  31 अक्टूबर 2018 को किया | नरेंद्र मोदी जी ने गुजरात के मुख्यमंत्री रहते हुए इसका शिलान्यास 31 अक्टूबर 2013 में किया था | ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ के निर्माण में 2,989 करोड़ रुपये खर्च हुए है, इसकी ऊंचाई 182 मीटर है | स्टैच्यू ऑफ यूनिटी क्या है, इसकी विशेषताओं के बारे में आपको इस पेज पर विस्तार से बता रहें है |

ये भी पढ़े: विश्व मे कितने देश है, इनकी राजधानी एवं मुद्रा

ये भी पढ़े: क्या है भारत चीन सीमा विवाद ?

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की विशेषताएं

statue of unity

  • ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ का निर्माण लार्सन एंड टुब्रो के द्वारा किया गया | इस मूर्ति का कुल वजन 1700 टन है, इसके निर्माण में 85% कॉपर, 5% टिन, 5% लेड और 5% जिंक को मिलाकर बनाए गए मिश्रण का प्रयोग किया गया है
  • इसके शिल्पकार राम सुतार जी है, जिन्हें भारत सरकार ने पद्मश्री और पद्मभूषण से सम्मानित किया है, इन्हें टैगोर कल्चरल अवॉर्ड भी प्रदान किया जा चुका है, ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ की ऊंचाई 597 फीट अथार्त 182 मीटर है

ये भी पढ़े: 1947 में भारत कैसे आज़ाद हुआ था 

  • स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी को देखने के लिए दो यात्री लिफ्ट लगाई गई हैं, यह लिफ्ट सभी यात्रियों को मूर्ति के सीने तक ले जाएंगी | वहाँ पर यात्रियों को देखने के लिए एक गैलरी का निर्माण किया गया है | इस गैलरी में एक साथ 200 दर्शक जा सकते है | यहाँ से पर्यटक नर्मदा नदी और उस पर बने बांध को आसानी से देख सकते है | यह बांध एक तरफ सतपुड़ा और दूसरी तरफ विंध्याचल की पहाड़ियों से घिरा हुआ है | स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी के चेहरे के निर्माण में शिल्पकार ने सरदार वल्लभ भाई पटेल की लगभग 2000 फोटो का अध्ययन किया था
  • यह स्मारक गुजरात के भरुच के निकट नर्मदा जिले में स्थित है, यह सरदार सरोवर बांध से 3.2 किमी की दूरी पर साधू बेट नामक स्थान पर है, साधू बेट नर्मदा नदी पर एक टापू है

ये भी पढ़े: भारत का नक्शा किसने बनाया 

  • इस मूर्ति के निर्माण में टेक्निकली विशेष ध्यान दिया गया है, यह लगभग 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं को सह सकती है, भूकंप की स्थिति में यह 6.5 की तीव्रता वाले भूकम्पों को आसानी से सह सकती है
  • गुजरात सरकार ने पर्यटकों की सुविधा के लिए 3.5 किमी लंबा हाइवे का निर्माण किया है, इस हाइवे के माध्यम से पर्यटक केवड़िया कस्बे से स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी तक आसानी से आ सकते है

ये भी पढ़े: ओलंपिक में भारत के पदक 2018

  • यहाँ पर सरकार ने 320 मीटर लंबा डिजायनर पुल का निर्माण कर रही है, यह पुल मुख्य जमीन से साधु द्वीप को जोड़ेने का कार्य करेगा
  • स्मारक के निर्माण में देश की जनता ने करीब 135 मीट्रिक टन लोहे का दान दिया है | फोटोग्राफी के लिए यह जगह सबसे उपयुक्त है
  • इस स्मारक को पूर्ण होने में लगभग 4 वर्ष का समय लगा है, इसके निर्माण में बुर्ज खलीफा परियोजना प्रबंधक की सहायता ली गयी है
  • गुजरात सरकार ने स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी के पास ही थ्री स्टार होटल, संग्रहालय और आडियों विजुवल गैलरी का निर्माण किया है, सरकार ने पर्यटन को बढ़ावा देने का प्रयास किया है

ये भी पढ़े: भारत के महान्यायवादी (अटॉर्नी जनरल) की सूची

विश्व की प्रमुख स्मारक और उनकी ऊंचाई

statue of unity1

1. स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (भारत) 182 मीटर
2. स्प्रिंग टेम्पल बुद्ध (चीन) 153 मीटर
3. यू्शिकु देईबुत्शु (जापान) 120 मीटर
4. स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी (अमेरिका) 93 मीटर
5. द मदरलैंड कॉल्स (रूस) 85 मीटर
6. क्राइस्ट द रीडीमर (ब्राजील) 38 मीटर

ये भी पढ़े: यूनेस्को द्वारा घोषित भारत के 37 विश्व धरोहर स्थल की सूची

यहाँ पर हमनें आपको स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के विषय में बताया, यदि इस जानकारी से सम्बन्धित आपके मन में किसी प्रकार का प्रश्न आ रहा है, अथवा इससे सम्बंधित अन्य कोई जानकारी प्राप्त करना चाहते है, तो कमेंट बाक्स के माध्यम से पूँछ सकते है,  हम आपके द्वारा की गयी प्रतिक्रिया और सुझावों का इंतजार कर रहे है |

ये भी पढ़े: भारत की राष्ट्रभाषा क्या है ?

ये भी पढ़े: सर्जिकल स्ट्राइक क्या है और कैसे होता है ?

ये भी पढ़े: एशियाई खेल का इतिहास – कब होता है आयोजित