भारतीय संविधान में कितने भाग, अनुच्छेद और अनुसूचियां है

भारतीय संविधान में भाग, अनुच्छेद और अनुसूचियां 

भारतीय संविधान 26 नवम्बर  1949  को  संविधान सभा द्वारा पारित  किया गया  था | संविधान को 15 अगस्त 1950 को पूर्ण रूप से लागू किया गया था |  उस समय संविधान में  कुल 22 भाग, और 8 अनुसूचियां थीं । वर्तमान में भारतीय में 22 भाग, 395 अनुच्छेद  है | संविधान में संवैधानिक संशोधनों के पश्चात अनुसूचियों की संख्या 8 से बढ़कर 12 हो गई है । संविधान संशोधन अधिनियम, 1992 के अंतर्गत क्रमशः संविधान के 73वें और 74वें संशोधन द्वारा 11वीं एवं 12वीं अनुसूची को संविधान में सम्मिलित किया गया हैं । भारतीय संविधान में भाग, अनुच्छेद और अनुसूचियों से संबधित जानकारी आपको इस पेज पर विस्तार से दे रहे है |

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भारत के संविधान की अनुसूचियाँ

वर्तमान में भारतीय संविधान में कुल 12 अनुसूचियाँ है, जो इस प्रकार है-

प्रथम अनुसूची- इसके अंतर्गत भारत के 29 राज्य तथा 7 केंद्र शासित प्रदेशो का उल्लेख किया गया है

दूसरी अनुसूची- इसमें भारतीय संघ के पदाधिकारियों जैसे- लोकसभा के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष , राष्ट्रपति ,राज्यपाल, राज्य सभा के सभापति एवं उपसभापति ,विधानसभा के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष,विधान परिषद् के सभापति एवं उपसभापति,उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालयों के न्यायाधीशों और भारत के नियत्रंक महालेखा परीक्षक आदि को प्राप्त होनें वाले वेतन, भत्ते तथा पेंशन का उल्लेख है

तीसरी अनुसूची- इसमें भारत के विभिन्न पदाधिकारियों जैसे- राष्ट्रपति, उप राष्ट्रपति, उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालयों के न्यायाधीशों की शपथ का उल्लेख है

चौथी अनुसूची- इसके अंतर्गत राज्यों तथा संघीय क्षेत्रो की राज्यसभा में प्रतिनिधित्व का विवरण दिया गया है

पाँचवी अनुसूची- इसमें अनुसूचित क्षेत्रों तथा अनुसूचित जनजाति के प्रशासन व नियंत्रण के बारे में उल्लेख है

छठी अनुसूची- इसमें असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम राज्यों के जनजाति क्षेत्रों के प्रशासन के बारे में प्रावधान  हैं

सातवी अनुसूची- इसके अंतर्गत केंद्र व राज्यों के मध्य शक्तियों के विभाजन के बारे में बताया गया है, इसके अंतर्गत तीन सूचियां इस प्रकार है-

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1.संघ सूची- संघ सूची के अंतर्गत 100 विषय है, इन विषयों पर कानून बनाने का अधिकार केवल केंद्र को प्राप्त है, संविधान लागू होने के समय इसमे 97 विषय थे

2.राज्य सूची- इस सूची में 61 विषय है, जिन पर कानून बनाने का अधिकार केवल राज्य को है, परन्तु राष्ट्रहित से सम्बन्धित मामलो में केंद्र द्वारा कानून बनाया जा सकता है, संविधान के लागू होने के समय इसमे 66 विषय थे

3.समवर्ती सूची- इसके अंतर्गत 52 विषय है, इन पर केंद्र व राज्य दोनों कानून बना सकते है, परन्तु कानून के विषय समान होने पर केंद्र सरकार द्वारा बनाया गया कानून मान्य होता है, राज्य द्वारा बनाया गया कनून केंद्र द्वारा बनाने के बाद समाप्त हो जाता है, संविधान के लागू होने के समय इसमे 47 विषय थे

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आठवी अनुसूची- इसमें भारतीय संविधान द्वारा मान्यता प्राप्त 22 भाषाओं का उल्लेख किया गया है| मूल संविधान में 14 मान्यता प्राप्त भाषाए थी | सन 2004 में चार नई भाषाए मैथली, संथाली, डोगरी और बोडो को सम्मिलित किया किया गया है

नौंवी अनुसूची- यह अनुसूची प्रथम संविधान संशोधन अधिनियम 1951 द्वारा जोड़ी गयी थी, इस अनुसूची में सम्मिलित विषयों को न्यायालय में चुनौती नहीं दी जा सकती, परन्तु यदि कोई विषय मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करे, तो उच्चतम न्यायालय इस कानून की समीक्षा कर सकता है, अभी तक नौंवी अनुसूची में 283 अधिनियम है, जिनमे राज्य सरकार द्वारा सम्पति अधिकरण का उल्लेख प्रमुख है

दसवी अनुसूची- इसे 52वें संविधान संशोधन अधिनियम 1985 द्वारा मूल संविधान में जोड़ा गया, इस अनुसूची में दल-बदल सम्बन्धित कानूनों का उल्लेख किया गया है

ग्यारहवी अनुसूची- यह अनुसूची 73वें संविधान संशोधन अधिनियम 1992 द्वारा मूल संविधान में जोड़ा गया,  यह अनुसूची पंचायती राज से सम्बन्धित है, जिसमे पंचायती राज से सम्बन्धित 29 विषय है

बारहवी अनुसूची- यह अनुसूची 74वें संविधान संशोधन अधिनियम 1992 द्वारा मूल संविधान में जोड़ा गया, इसमें शहरी क्षेत्रों के स्थानीय स्वशासन संस्थानों से सम्बन्धित 18 विषय है

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संविधान के भाग, अनुच्छेद एवं प्रावधान

भाग अनुच्छेद          प्रावधान
भाग 1 अनुच्छेद 1 से 4 संघ और उसका राज्य क्षेत्र, नए राज्य का निर्माण
भाग 2 अनुच्छेद 5 से 11 नागरिकता
भाग 3 अनुच्छेद 12 से 35 मौलिक अधिकार
भाग 4 अनुच्छेद 36 से 51 राज्य के नीति निर्देशक तत्व
भाग 4ए अनुच्छेद 51 ए मौलिक कर्त्तव्य
भाग 5 अनुच्छेद 52 से 151 संघ सरकार
भाग 6 अनुच्छेद 152 से 237 राज्य सरकार से सम्बंधित
भाग 7 अनुच्छेद 238 7 वें  संशोधन द्वारा संविधान से हटा दिया गया है
भाग 8 अनुच्छेद 239 से 242 केंद्र शासित प्रदेशों का प्रशासन
भाग 9 अनुच्छेद 243 से 243ओ पंचायते
भाग 9 अनुच्छेद 243पी से 243 जेडजी नगरीय निकाय
भाग 18 अनुच्छेद 352 से 360 आपात उपबंध
भाग 20 अनुच्छेद 368 संविधान संशोधन
भाग 22 अनुच्छेद 393 से 395 संक्षिप्त नाम, प्रारंभ और निरसन हिंदी में प्राधिकृत पाठ

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यहाँ हमनें आपको भारतीय संविधान में भाग, अनुच्छेद और अनुसूचियों के विषय में जानकारी उपलब्ध करायी है, यदि इस जानकारी से सम्बन्धित आपके मन में किसी प्रकार का प्रश्न आ रहा है, अथवा इससे सम्बंधित अन्य कोई जानकारी प्राप्त करना चाहते है, तो कमेंट बाक्स के माध्यम से पूँछ सकते है,  हम आपके द्वारा की गयी प्रतिक्रिया और सुझावों का इंतजार कर रहे है |

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